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अब 50 की उम्र के नेता ही बन सकेंगे भाजपा के जिलाध्यक्ष। हाईकमान ने जारी की नई गाइड लाइन।

भाजपा ने संगठन चुनाव प्रक्रिया के दौरान मंडल अध्यक्ष और जिलाध्यक्ष पद को लेकर उम्र की नई गाइड लाइन जारी कर दी है। 


"अब 50 साल की उम्र तक के नेता ही पार्टी के जिलाध्यक्ष बन सकेंगे"


 भोपाल । भारतीय जनता पार्टी ने संगठन चुनाव प्रक्रिया के दौरान मंडल अध्यक्ष और जिलाध्यक्ष पद को लेकर उम्र की नई गाइड लाइन जारी कर दी है। अब 50 साल की उम्र तक के नेता ही पार्टी के जिलाध्यक्ष बन सकेंगे। जबकि मंडल अध्यक्ष बनने की लिए उम्र की सीमा 35 से 40 साल के बीच रखी गई है। इससे पार्टी के संगठन पदों पर अब युवा नेता नेतृत्व संभालते नजर आएंगे।

भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने निर्णय किया है कि अगले माह होने वाले जिला अध्यक्ष चुनाव के लिए प्रदेश संगठन यह तय करे कि पचास साल से अधिक उम्र के नेता जिला अध्यक्ष नहीं बनें। इसी तरह मंडल अध्यक्ष के पद के लिए चालीस साल तक की उम्र के नेता ही दायित्व संभालें। सभी प्रदेशों के निर्वाचन अधिकारियों एवं प्रदेश अध्यक्षों को दिए गए निर्देश में कहा है कि यह व्यवस्था मंडल व जिला अध्यक्ष के चुनावों में प्रभावी की जाए। पार्टी ने मंडल अध्यक्ष के चुनाव दीपावली के बाद कराने के संकेत दिए हैं। जबकि जिलाध्यक्षों के ज्यादातर पदों पर चुनाव निर्विरोध कराए जाने की तैयारी है।

 युवाओं को मिलेगा मौका

पार्टी की नई गाइड लाइन से मंडल व जिला स्तर के प्रमुख पद संभालने में युवाओं को मौका मिलेगा। भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व द्वारा यह एडवायजरी जारी की गई है कि मंडल अध्यक्ष बनने वाले 40 साल और जिला अध्यक्ष 50 साल तक की उम्र के ही कार्यकर्ता हों। भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने कल हुई बूथ चुनावों की समीक्षा बैठक में ये निर्देश दिए हैं। मप्र से पार्टी के प्रदेश चुनाव अधिकारी हेमंत खंडेलवाल तथा चुनाव सह अधिकारी विजेश लुनावत इस बैठक में शामिल हुए थे।

 बूथ चुनाव में अच्छे परफार्मेंश की रिपोर्ट सौंपी

पार्टी सूत्रों के अनुसार प्रदेश भाजपा को लेकर जो रिपोर्ट केन्द्रीय नेतृत्व को सौंपी है, उसके बाद मप्र का परफार्मेंस पूरे देश में श्रेष्ठ माना जा रहा है। बूथ स्तर के चुनावों में मप्र के साथ ही अरुणाचल प्रदेश 94 प्रतिशत बूथों पर चुनाव कराकर पहले नंबर पर रहे हैं। मप्र में बूथों की संख्या अधिक होने से इसे महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इन दो राज्यों के बाद उप्र में पार्टी को 90 फीसदी बूथों पर चुनाव कराने में सफलता मिली है, जो देशभर में दूसरे नंबर पर आया है।

प्रदेश स्तर की बैठक में होगा नीति का खुलासा

पार्टी सूत्रों के अनुसार मंडल चुनाव के लिए केंद्र द्वारा तय की गई गाइडलाइन पर अमल कराने के लिए प्रदेश संगठन ने 15 अक्टूबर को सभी जिला अध्यक्षों, जिला चुनाव अधिकारियों व चुनाव सह अधिकारियों की बैठक बुलाई है। प्रदेश भाजपा कार्यालय में होने वाली बैठक में केंद्रीय नेतृत्व के निदेर्शों से इन्हें अवगत कराया जाएगा।

चुनाव के लिए बढाई समय सीमा

केंद्रीय नेतृत्व ने मंडल अध्यक्ष और मंडल समितियों के चुनाव के लिए पूर्व में 11 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक की समय सीमा तय की थी, लेकिन कल हुई बैठक में दीपावली त्योहार का हवाला देते हुए समय सीमा बढ़ाकर 5 नवंबर कर दी गई है। अब मंडल स्तर के चुनाव दीपावली के बाद और 5 नवम्बर तक हर हाल में पूरा करने के लिए कहा गया है, ताकि जिला अध्यक्षों के चुनाव समय पर कराए जा सकें।
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